Tuesday, 6 April 2021

6 अप्रैल को गुरु का राशि परिवर्तन: गुरु गोचर का इन राशियों को होगा महालाभ

 

 गुरु गोचर का इन राशियों को होगा महालाभ

बृहस्पति 6 अप्रैल को मकर राशि की यात्रा समाप्त करके कुंभ राशि में प्रवेश कर रहे हैं, इस राशि पर ये 13 सितंबर तक गोचर करेंगे। अपनी इस यात्रा के मध्य ये 20 जून की रात्रि 8 बजकर 28 मिनट पर वक्री होंगे और उसी अवस्था में चलते हुए पुनः14 सितंबर की दोपहर 2 बजकर 28 मिनट पर मकर राशि में प्रवेश कर जाएंगे। बीते 13 महीनों से मकर राशि में शनि के साथ चल रहे बृहस्पति 5 अप्रैल 2021 दिन सोमवार को रात्रि 24:22 बजे अपनी राशि बदलकर कुंभ में आ जाएंगे।

मेष राशि वालों को होगा महालाभ

मेष राशि में गुरु गोचर के वक्त कुंडली के 11वें भाव में प्रवेश करेंगे। यह गोचर मेष राशि वालों के लिए शुभ फलकारी होगा। आर्थिक स्थिति मजबूत होगी और नौकरीपेशा वाले लोगों को तरक्की मिल सकती है। आय में वृद्धि हो सकती है।

मिथुन राशि वालों का वैवाहिक जीवन होगा सुखी

मिथुन राशि वालों के लिए बृहस्पति उनकी कुंडली के 7वें और 10वें भाव के स्वामी माने जाते हैं। यह गोचर के समय आपकी कुंडली के 9वें भाव में होंगे। इस गोचर के प्रभाव से आपका वैवाहिक जीवन सुखी होगा और प्रमोशन की संभावनाएं बढ़ेंगी। कार्यों में सफलता हासिल होगी।

सिंह राशि वालों को मिलेगा मान-सम्मान

सिंह राशि वालों के लिए गुरु कुंडली के 5वें और 8वें भाव के स्वामी होते हैं। गोचर के समय यह आपके 7वें भाव में प्रवेश करेंगे। जिससे आपकी लव लाइफ शानदार होगी और कार्यक्षेत्र में सफलता हासिल होगी। समाज में मान-सम्मान मिलेगा।

तुला राशि वालों को मिल सकती है खुशखबरी

तुला राशि वालों के लिए गुरु का राशि परिवर्तन शुभ फल लेकर आएगा। यह आपकी कुंडली के तीसरे और सातवें भाव के स्वामी माने जाते हैं। यह गोचर के वक्त आपके 5वें भाव में प्रवेश करेंगे। जिसके प्रभाव से अध्ययन या शिक्षण के कार्यों से जुड़े लोगों को सफलता हासिल होगी। वैवाहिक जीवन सुखी होगी। विवाह योग्य जातकों को खुशखबरी मिल सकती है। आर्थिक स्थिति मजबूत होगी।

धनु राशि वालों का बढ़ेगा आत्मविश्वास

धनु राशि वालों के स्वामी गुरु माने जाते हैं। ऐसे में गुरु का राशि परिवर्तन धनु राशि वालों के लिए शुभ साबित होगा। गुरु आपकी कुंडली के तीसरे भाव में गोचर करेंगे। जिसके प्रभाव से आपका आत्म विश्वास बढ़ेगा। धार्मिक कार्यों में मन लगेगा और आप तीर्थ यात्रा के बारे में सोच सकते हैं।

विदेश यात्रा का बन सकता है योग

मीन राशि वालों के स्वामी भी गुरु कहलाते हैं। यह आपकी कुंडली के पहले और दसवें भाव के स्वामी होते हैं। यह गोचर के समय आपकी कुंडली के 12 वें भाव में प्रवेश करेंगे। जिसके प्रभाव से आप काम के सिलसिले में अक्सर बाहर रह सकते हैं। विदेश यात्रा का योग बन सकता है। इस दौरान आपके खर्चों में वृद्धि होगी।